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Sunday, May 6, 2012

अनोखी शादी का अनोखा जोड़ा

जीवन  की अनोखी माया के खिलाफ जीते दो दिल।दोनों ने की शादी। वे दोनों बोल और सुन नहीं सकते हैं।बचपन में साथ पढ़ते थे,तीन साल की उम्र में अभिभावकों की ओर से बनाए गए विशेष हेल्प स्कूल में एक दूसरे के सहपाठी थे। फिर व्यवसाय की परिस्थितियों के कारण परिवार अलग-अलग हो गए।  शहर भी अलग-अलग हो गये । ऐसे में दोनों के लिए वरदान साबित हुई सोशल साइट ।कंप्यूटर का नॉलेज और सोशल साइट फेसबुक ही उनके लिए वरदान साबित हुई।  18 साल बाद फिर फेसबुक ने दोनों को मिलाया। अब वे कैसे दिखते हैं, वे अपने भविष्य को लेकर क्या सोचते हैं? उनके मन में एक-दूसरे के प्रति क्या भावनाएं है, इन सभी सवालों का जवाब उन्होंने चैटिंग से जाना। मन व विचार मिले तो बन गए जीवनसाथी। शनिवार को रावतभाटा के  बूंदी रोड स्थित एक रिसोर्ट में दोनों की सगाई हुई और रविवार को शादी के बंधन में बंध गए।रावतभाटा निवासी तेजेंद्रसिंह गोल्डी और दुल्हन सूरत निवासी सिमरप्रीत कौर इस शादी के अनोखे दूल्हा और दुल्हन थे। शादी की उम्र में दोनों फिर फेसबुक पर मिले। दोनों परिवार भी मिल गए। दोनों ने एक-दूसरे की भावनाएं चैटिंग के जरिये शेयर की और परिजनों को रजामंदी दे दी।

परमाणु बिजलीघर के कर्मचारी एवं तेजेंद्र के पिता पपींदर सिंह ने बताया कि दो साल की उम्र में जब पता लगा कि उनका इकलौता बेटा तेजेंद्र बोल और सुन नहीं सकता तो, उन्होंने डॉक्टरों से सलाह ली। मुंबई में राष्ट्रीय श्रवण विकलांग संस्था में जांच कराई। वहां कुछ विशेष प्रकार की ट्रेनिंग लेकर बेटे को ट्रेंड किया। वहां पर ऐसे ही बीमारी से ग्रस्त कोटा के कुछ बच्चों के अभिभावकों से मुलाकात हुई।जिनकी मदद से
सब ने मिलकर कोटा में हेल्प स्कूल खोला जिसमे सुनने के लिए मशीनें बनाई,ऐसे बच्चों की पढ़ाई कराई गई जो सुन और बोल नही सकते।दुल्हन सिमरप्रीत कौर को भी यही समस्या थी।हेल्प स्कूल के दौरान एवं मुंबई में जांच के दौरान पिता बलजीतसिंह के परिवारजनों से भी मुलाकात हुई थी।दोनों परिवारों को ही इनकी शादी की चिंता भी थी। पारिवारिक रजामंदी के बाद दोनों को अपना फैसला लेने के लिए फ्री छोड़ दिया। दोनों कंप्यूटर में दक्ष थे इसलिए चैटिंग के जरिये भावनाएं एक-दूसरे को बताई। इन दोनों को देखकर यह तो तय हो गया कि जोड़ियां रब बनाता है। सिमरप्रीत कौर ने फैशन डिजाइनर का कोर्स किया है। बाजार से खरीदारी कर लेती है, स्कूटी चलाती है। वहीं तेजेंद्रसिंह अच्छे फोटोग्राफर हैं। प्रोफेशनल फोटोग्राफी भी करते हैं। कार ड्राइविंग और स्वीमिंग में दक्ष हैं।
परिस्थितियां कैसी भी हो, खुदा कोई न कोई हुनर देकर उस एपुरा कर ही देता है

1 comment:

  1. so nice cuple sahi kehte h log ki duniya mei har ek ke liye koi na koi bana h bus jarurat h to sahi samey ki uska intejar karne ke liye

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