Expedia

click here

Friday, April 13, 2012

निर्मल बाबा ने किया अपने जीवन का खुलासा


निर्मलजीत सिंह नरूला उर्फ निर्मल बाबा खुद पर लग रहे आरोपों के बाद निजी टीवी चैनल आज तक को दिए गए इंटरव्यू में सनसनीखेज खुलासे किए हैं।  वित्तीय अनियमितताओं के आरोप पर निर्मल बाबा ने इंटरव्यू में कहा, 'मेरे यहां किसी तरह की गड़बड़ नहीं है।' मैं चुनौती देता हूं कि किसी अंतरराष्ट्रीय संस्था से मेरे दावों की जांच करवाई जाए। निर्मल बाबा ने कहा कि मेरा टर्न ओवर 85 करोड़ नहीं बल्कि 235-238 करोड़ का टर्नओवर है, जिसका मैं टैक्स चुकाता हूं। मैंने कोई ट्रस्ट नहीं बनाया है। फर्जीवाड़े से बचने के लिए मैं दो अकाउंट रखता हूं। दोनों ही मेरे खाते हैं।
     निर्मल बाबा ने आरोपों के जवाब में कहा, ' मैंने कभी चमत्कार का दावा नहीं किया। मैं इसे कृपा कहता हूं। मैं अंधविश्वसा को तोड़ने वाला माना जाता हूं। यंत्र मंत्र तंत्र के पाखंड में फंसने वालों के खिलाफ हूं। ये कृपा पैसे से खरीदी नहीं जा सकती है। मेरे साथ लोग जुड़ते चले जा रहे हैं। मेरे ऊपर पहली कृपा पटियाला के समाना मंडी में हुई थी। मैं अपनी मां के साथ था। घर की छत गिर गई और मेरी बहने उसमें दब गईं।' शक्तियां आप पर मेहरबान क्यों हैं? इसके जवाब में निर्मल बाबा ने कहा कि ये तो आपको शक्तियों से पूछना पड़ेगा।
  अपने इतिहास पर सफाई देते हुए कहा, 'मेरे दादा हिंदू थे, लेकिन उनके बच्चे नहीं हो रहे थे, इसलिए उन्होंने सिख धर्म अपना लिया। मैं किसी एक धर्म को नहीं बल्कि सभी धर्मों को मानता हूं। मेरा जन्म पटियाला के समाना मंडी में 1952 में हुआ था। मैंने बीए की पढ़ाई के बाद एमए में प्रवेश लिया था। लेकिन एक-दो महीने पढ़ने के बाद मैं मैं 90 हजार रुपये लेकर डाल्टनगंज चला गया, जहां मेरे जीजा इंदर सिंह नामधारी और मेरी बहन रहती थी। वहां मैंने ईंट भट्ठे का कारोबार शुरू किया। शुरू में उन लोगों ने मेरी मदद की। लेकिन बाद में उन्होंने मदद नहीं की।'
 इन शक्तियों का समावेश आप कैसे करते हैं? इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, 'जो शक्तिया हैं वे ईश्वर का उपहार है। कुछ शक्तियां ऐसी है जो दुनिया ने सिर्फ सुनी है देखी नहीं हैं। जो हम बताते हैं वे विज्ञान की कसौटी पर भी खरी उतरती हैं। भले ही कोई अमेरिका में बैठा हो वह भी शक्तियों की कृपा को महसूस करता है। शक्तियों को सिर्फ भावना चाहिए होती है। हमने सिर्फ शक्तियों की भावना का अहसास कराया है।' 
  निर्मल बाबा बनने के सवाल पर निर्मल बाबा ने कहा, 'मुझे निर्मलजीत सिंह नरूला से निर्मल बाबा बनाने में इंदर सिंह नामधारी का हाथ है। उन्होंने मेरी शुरू में मदद की थी। लेकिन बाद में झारखंड में मैं जिस मानसिक उत्पीड़न से गुजरा उसके बाद ही मैं निर्मल बाबा बन गया।' अपने रिश्तेदार और चतरा से सांसद इंदर सिंह नामधारी पर निशाना साधते हुए निर्मल बाबा ने कहा कि हम उनका सम्मान जरूर करते हैं लेकिन उनके कुछ दावे गलत हैं। 
 निर्मल बाबा ने अपना बचाव करते हुए कहा, 'टीवी पर पांच साल हुए होंगे लेकिन दरबार  15 सालों से चल रहा है। ये ऐसी चीज हुई है कि देखकर लोगों को अचंभा होता है कि इतने लोग हमारे साथ कैसे जुड़ गए हैं। जो लोग हमारे साथ जुड़े हैं वो लोग अंधविश्वासी नहीं है। हम तो खुद अंधविश्वास को तोड़ रहे हैं। हमारा समागम किसी धर्म विशेष के लिए नहीं है। हम किसी से ये नहीं कहते कि हमारे पास आकर पूजा कीजिए। हम कहते हैं कि जहां आपकी इच्छा हो वहां जाकर पूजा कीजिए। कोई माता के यहां जाकर आया अगर उसने वहां चुन्नी नहीं चढ़ाई या गोलक में प्रसाद नहीं चढ़ाया तो वे मेरे दरबार में क्यों पकड़ा जाता है। उस शक्ति की कृपा मेरे पास है। न हम कोई सामान बेचते  हैं और न ही कोई आश्वासन देते हैं। हमारे सामने सिर्फ लोगों की कमियां आती हैं और हम समाधान बता देते हैं और फिर शक्तियां सही भावना से उनकी मदद करती हैं।'
  समागम में शामिल होने के लिए दो हजार रुपये लिए जाने पर सफाई देते हुए निर्मल बाबा ने कहा कि ऑडीटोरियम बुक करने, सुरक्षा और टीवी चैनल पर प्रचार पर बहुत खर्च होता है। इसलिए मैं ये पैसे लेता हूं। मैं चाहूं तो कुछ लोगों को अप्वॉइंटमेंट देकर लाखों रुपये ले सकता हूं। लेकिन मैं यह नहीं करता हूं।
 क्या आपके पास ईश्वरीय शक्तियां हैं? इसके जवाब में निर्मल बाबा ने कहा कि मैं ईश्वर नहीं हूं, लेकिन मेरे ऊपर भगवान की कृपा है। मेरे ऊपर पहली कृपा पटियाला के समाना मंडी में हुई थी। मैं अपनी मां के साथ था। घर की छत गिर गई और मेरी बहने उसमें दब गईं।
 आप पर यह आरोप है कि आप उल्टे सीधे उपाय बताते हैं और लोगों को धोखा देते हैं। इसके जवाब में निर्मल बाबा ने कहा, 'आप उन लोगों से पूछिए जो हमारे समागम में आते हैं। इसका जवाब वे देंगे। मैं दावे के साथ कह सकता हूं कि लाखों लोगों के अनुभव है। हमने लोगों के सामने सच्चाई लाई है। अगर फिक्सिंग की बात साबित हुई तो आप जो कहेंगे मैं करने के लिए तैयार हूं।' खुद पर लग रहे आरोपों पर निर्मल बाबा ने कहा कि मैं लाई डिटेक्टर टेस्ट के लिए तैयार हूं। 
 गौरतलब है कि झारखंड विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष और वर्तमान में चतरा (झारखंड) से लोकसभा सांसद इंदर सिंह नामधारी ने शुक्रवार को कहा था, 'मैं निर्मल से हमेशा कहता हूं कि जब तुम हजारों लोगों पर कृपा करते हो तो मीडिया से क्यों छुपते हो? तुम लोगों की भलाई में पैसे लगाओ।' कुछ दिनों पहले एक निजी चैनल से बातचीत में नामधारी ने कहा था कि वे अपने रिश्तेदार निर्मल बाबा को हमेशा यही कहते हैं कि टीवी पर मत आया करो। अगर तुम्हारे पास शक्तियां हैं तो लोग तुम्हारे पास खुद ब खुद जंगल में भी आ जाएंगे। 

2 comments:

  1. sub ke sub dhongi h koi galio mei dhong rachata h to koi t.v pr mujhe to pehle hi dhongi lagta tha

    ReplyDelete