Expedia

click here

Tuesday, February 14, 2012

आख़िरकार चुनाव आयोग से खुर्शीद ने मांगी माफ़ी


 विधि मंत्री सलमान खुर्शीद ने आज मुस्लिमों को आरक्षण संबंधी अपनी टिप्पणी को लेकर पैदा हुए विवाद पर निर्वाचन आयोग के साथ टकराव को समाप्त करने का प्रयास करते हुएघटना पर अफसोस जाहिर करते हुए कहा कि कानून का उल्लंघन करना और चुनाव आचार संहिता को कमतर करने की कभी उनकी मंशा नहीं थी।
  खुर्शीद ने कहा, ‘चुनाव आयोग के आगे सिर झुकाते हैं।’ उन्होंने साथ ही भविष्य में इस प्रकार की स्थिति की पुनरावृत्ति नहीं हो, यह सुनिश्चित करने में अपनी प्रतिबद्धता भी जाहिर की।
खुर्शीद का पत्र ऐसे समय में आया है जब कांग्रेस निर्वाचन आयोग के खिलाफ उनकी टिप्पणियों को खारिज कर चुकी है। कांग्रेस ने कहा था, ‘जिम्मेदार पदों पर आसीन लोगों को जिम्मेदारी के साथ बोलना चाहिए।’ अपने संक्षिप्त पत्र में विधि मंत्री ने कहा, ‘ कानून का उल्लंघन करना और चुनाव आचार संहिता को कमतर करना, कभी मेरी मंशा नहीं थी।मैं इस मामले को दुर्भाग्यपूर्ण मानता हूं और बयान पर अफसोस जाहिर करता हूं। मैं आयोग तथा उसके द्वारा लिए गए और लिए जा रहे फैसलों का बेहद सम्मान करता हूं।’
 एक अभूतपूर्व कदम उठाते हुए निर्वाचन आयोग ने शनिवार को राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल को पत्र लिखकर खुर्शीद द्वारा कथित रूप से निर्वाचन आयोग के खिलाफ की जा रही बयानबाजी के मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की थी। राष्ट्रपति ने यह पत्र प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यालय को भेज दिया था। विधि मंत्री ने अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए प्रधानमंत्री से मुलाकात की थी। 

No comments:

Post a Comment